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    • आत्मा का अस्तित्व झुठलाया न जाय
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    • आत्मिक और भौतिक प्रगति का संतुलन
    • अतीन्दि्रय क्षमता और उसके उद्गम स्रोत
    • मनुष्य को कृमि कीटकों से ऊँचा तो होना चाहिए
    • संकीर्ण स्वार्थपरता ही पतन का मूल करण
    • क्या हम सचमुच ही मर जायेंगे
    • अहिंसा कितनी व्यावहारिक कितनी अव्यावहारिक
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    • मंत्र शक्ति और देव सत्ताओं का तारतम्य
    • उपवास-आरोग्य का संरक्षक
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    • खाद्यान्नें की दुर्गति बनाने वाली र्दुबुद्धि त्यागें
    • आत्महत्या पलायन ही नहीं प्रतिशोध भी
    • हमारी प्रशिक्षण प्रक्रिया का अगला चरण
    • अपनों से अपनी बात- साधना स्वर्ण जंयती वर्ष में न्यूनतम इतना तो करना ही है
    • सबेरा हो रहा है (कविता) -लाखन सिंह भदौरिया
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Magazine - Year 1976 - Version 1

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आत्महत्या पलायन ही नहीं प्रतिशोध भी

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Shantikunj has emerged over the years as a unique center and fountain-head of a global movement of Yug Nirman Yojna (Movement for the Reconstruction of the Era) for moral-spiritual regeneration in the light of hoary Indian heritage.

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