• News
  • Blogs
  • Gurukulam
English हिंदी
  • About Us
    • Gayatri Teerth Shantikunj
    • Mission Vision
    • Patron Founder
    • Present Mentor
    • Blogs & Regional sites
    • DSVV
    • Organization
    • Our Establishments
    • Dr. Chinmay Pandya - Our pioneering youthful representative
  • Initiatives
    • Spiritual
    • Environment Protection
    • Social Development
    • Education with Wisdom
    • Health
    • Corporate Excellence
    • Disaster Management
    • Training/Shivir/Camps
    • Research
    • Programs / Events
  • Read
    • Akhandjyoti Magazine
    • Books
    • News
    • E-Books
    • Events
    • Gayatri Panchang
    • Geeta Jayanti 2023
    • Motivational Quotes
    • Lecture Summery
  • Spiritual WIsdom
    • Thought Transformation
    • Revival of Rishi Tradition
    • Change of Era - Satyug
    • Yagya
    • Life Management
    • Foundation of New Era
    • Gayatri
    • Indian Culture
    • Scientific Spirituality
    • Self Realization
    • Sacramental Rites
  • Media
    • Social Media
    • Video Gallery
    • Audio Collection
    • Photos Album
    • Pragya Abhiyan
    • Mobile Application
    • Gurukulam
    • News and activities
    • Blogs Posts
    • Live
    • Yug Pravah Video Magazine
  • Contact Us
    • India Contacts
    • Global Contacts
    • Shantikunj - Headquarter
    • Join us
    • Write to Us
    • Spiritual Guidance FAQ
    • Magazine Subscriptions
    • Shivir @ Shantikunj
    • Contribute Us
  • Login

Media   >   Social Media   >   Daily Update

Friday 26, June 2026

×

VIDEO
हनुमान जी का सबसे बड़ा चमत्कार था। Hanuman Ji Ka Sabse Bada Chamatkar Kya Tha? अमृत सन्देश:- पंडित श्रीराम शर्मा आचार्य

हनुमान जी का सबसे बड़ा चमत्कार था। Hanuman Ji Ka Sabse Bada Chamatkar Kya Tha? अमृत सन्देश:- पंडित श्रीराम शर्मा आचार्य

2 likes 9393 views
Like
Share
Comment



VIDEO
 दशम अवतार और इतिहास की पुनरावृत्ति | Dasham Avatar Itihas Ki Punaravritti | Audio 5 |

दशम अवतार और इतिहास की पुनरावृत्ति | Dasham Avatar Itihas Ki Punaravritti | Audio 5 |

2 likes 9284 views
Like
Share
Comment



IMAGE
Image वीडियो अपडेट
2 likes 9661 views
Like
Share
Download
Comment

गायत्रीतीर्थ शांतिकुंज, नित्य दर्शन

गायत्री माता
Image गायत्री माता
3 likes 9913 views 1 comments 6 shares
Like
Share
Download
Comment
गायत्री माता - अखंड दीपक
Image गायत्री माता - अखंड दीपक
1 likes 9991 views 1 comments 3 shares
Like
Share
Download
Comment
गुरुजी माताजी
Image गुरुजी माताजी
1 likes 9897 views 1 comments 1 shares
Like
Share
Download
Comment
चरण पादुका
Image चरण पादुका
2 likes 9821 views 1 comments 1 shares
Like
Share
Download
Comment
सजल श्रद्धा - प्रखर प्रज्ञा (समाधि स्थल)
Image सजल श्रद्धा - प्रखर प्रज्ञा (समाधि स्थल)
1 likes 9767 views 1 shares
Like
Share
Download
Comment
प्रज्ञेश्वर महादेव - देव संस्कृति विश्वविद्यालय
Image प्रज्ञेश्वर महादेव - देव संस्कृति विश्वविद्यालय
1 likes 9720 views 1 comments 1 shares
Like
Share
Download
Comment
शिव मंदिर - शांतिकुंज
Image शिव मंदिर - शांतिकुंज
9683 views 1 shares
Like
Share
Download
Comment
हनुमान मंदिर - शांतिकुंज
Image हनुमान मंदिर - शांतिकुंज
2 likes 9653 views 1 shares
Like
Share
Download
Comment

आज का सद्चिंतन (बोर्ड)

Image हिंदी बोर्ड
1 likes 10044 views 8 shares
Like
Share
Download
Comment
Image हिंदी बोर्ड
9951 views 9 shares
Like
Share
Download
Comment
Image अंग्रेजी बोर्ड
1 likes 9869 views 1 shares
Like
Share
Download
Comment
Image अंग्रेजी बोर्ड
9818 views 1 shares
Like
Share
Download
Comment

आज का सद्वाक्य

Image हिंदी सद्वाक्य
10047 views 4 shares
Like
Share
Download
Comment
Image हिंदी सद्वाक्य
9971 views 4 shares
Like
Share
Download
Comment
Image अंग्रेजी सद्वाक्य
1 likes 9898 views 2 shares
Like
Share
Download
Comment
Image अंग्रेजी सद्वाक्य
9830 views 2 shares
Like
Share
Download
Comment
लेख
Image लेख
1 likes 10066 views
Like
Share
Download
Comment



नित्य शांतिकुंज वीडियो दर्शन


!! शांतिकुंज दर्शन 26 June 2026!! गायत्री तीर्थ शांतिकुञ्ज हरिद्वार !!

2 likes 9520 views
Like
Share
Comment



आप उन्नतिशील बनने के लिए सेवाधर्म अपनाएँ अमृत सन्देश:- पंडित श्रीराम शर्मा आचार्य

1 likes 9540 views
Like
Share
Comment







परम् पूज्य गुरुदेव का अमृत संदेश



आपको उन्नतिशील बनने के लिए, समर्थ बनने के लिए, आपको सेवा-धर्म ग्रहण करना चाहिए। अगर आप सेवा-धर्म ग्रहण नहीं करेंगे, तो आप विश्वास रखिए, आपकी उन्नति के सारे-के-सारे रास्ते बन्द हो जाएँगे। देखा होगा आप खाते है; लेकिन खाते तब हैं, जब आप टट्टी हो आते हैं और पेट को खाली कर लेते है। पेट खाली न करें तब? तब आप खा नहीं सकेंगे। साँस को पहले बाहर निकाल लेते है, तब आपको प्राणवायु का नया सिलसिला मिलता है। अगर आप न निकाले तब? न छोड़ें तब? जो कुछ भी पल्ले पड़ा है, उसको कृपण के तरीके से, कंजूस के तरीके से दाब के बैठ जाएँ, अपने ही खर्चे के लिए रखे, दूसरी को न बाँटें तब? तब मुश्किल हो जाएगी, आप ध्यान रखना।

2 likes 9644 views 1 shares
Like
Share
Comment




अखण्ड-ज्योति से



शरीर और मन के बीच स्वस्थता और रुग्णता का अन्योन्याश्रित संबंध है। शरीर रोगी हो तो मन में उदासी, हैरानी, शिथिलता निश्चय ही दिखाई पड़ेगी। फिर भी अधिक सच्चाई यह है कि मन के रोगी होने पर शरीर स्वच्छ नहीं रह सकता। यह आँशिक सत्य है कि आहार विहार का शरीर पर असर पड़ता है। अच्छी खुराक और अच्छा रहन-सहन शरीर को मजबूत बनाता तो है, किन्तु स्वस्थता पूरी तरह इतने पर ही निर्भर नहीं है। खिन्न, क्रुद्ध निराश प्रकृति के विकारग्रस्त मनुष्य अच्छा खान पान खाकर भी निरोग नहीं रह सकते।

पेट के माध्यम से रक्त माँस बनता है। हृदय को ठीक होने .... पर नाड़ी समूह मजबूत रहता है, किन्तु स्मरण रखने .... तथ्य यह है कि मस्तिष्क का सारे शरीर पर नियंत्रण होता है। मनोविकारों से ग्रसित व्यक्ति छोटे बड़े रोग का आकार होकर मरणासन्न स्थिति तक जा पहुँचता है।

शरीर के महत्वपूर्ण अवयव चिन्ता और भय के शिकार होकर गलने लगते हैं। क्षय को फेफड़ों की बीमारी माना जाता है किन्तु वास्तविकता यह है कि यह अधिकतर चिन्ताग्रस्त लोगों को होता है। जिनके फेफड़े मजबूत हैं उनके श्वास तंत्र में कोई खराबी नहीं है वे भी चिन्तातुर रहने पर क्षय रोग के अनायास ही शिकार हो जाते।

परीक्षा के दिनों जिन्हें फेल होने का भय रहता है, उन्हें अकारण ही उन दिनों ज्वर-पेचिश आदि आ घेरते है उन्हें व्यापार में घाटा होने मुकदमा हार जाने, शत्रुओं द्वारा आक्रमण किये जाने की चिन्ता घेरे रहती है, उन्हें अपच,अनिद्रा का शिकायत रहती है। क्रोधी, ईर्ष्यालु, आवेशग्रस्त लोगों को रक्तचाप और हृदय की धड़कन का शिकार बनना पड़ता है। लकवा का आक्रमण आमतौर से क्षयग्रस्त लोगों को होता है।

रोगों की संख्या इन दिनों निरंतर बढ़ती जा रही है। आश्चर्य इस बात का है कि जिन्हें अच्छी खुराक मिलती है। जो खुशहाल साधन सम्पन्न है, वे अपेक्षाकृत अधिक बीमार पड़ते हैं। चिकित्सा की जिन्हें अधिक सुविधा प्राप्त है वे अधिक दुर्बल रहने और आये दिन बीमार पड़ते देखे गये है। गंभीर शोधों से इस आश्चर्यजनक परिणति का प्रधान कारण यह पाया गया है कि स्वार्थी, ईर्ष्यालु और दुष्कर्मों में लिप्त व्यक्ति अपने मनोविकारों के कारण भीतर ही भीतर खोखले होते रहते है और तनिक सा कारण उत्पन्न होने पर कभी छोटी कभी बड़ी बीमारी के शिकार होते है।

इसके विपरीत जो सदा प्रसन्न रहते है, जिनके चेहरे पर मुस्कराहट और निश्चिंतता रहती है वे गरीबी में दिन गुजारते और कड़ी मेहनत करते हुए भी निरोग बने रहते है। कभी किसी छोटी मोटी बीमारी के शिकार हुए भी तो ऐसे ही गुड गिलोय खाकर अच्छे हो जाते है।

जिन्हें आज की काम चलाऊ स्थिति से संतोष है, जिन्हें भविष्य की लम्बी चौड़ी लालसा नहीं है, उन्हें संतोषी कहते है। संतोषी का मन प्रसन्न रहता है। साथ ही शरीर भी स्वस्थ रहता है जो दूसरों की भलाई सोचते हैं और संपर्क वालों की उन्नति सोचते तथा सेवा का अवसर चूकते नहीं उन्हें प्रसन्नता का आनन्द मिलता रहता है। प्रसन्न रहने वाले गरीबों को भी अरोग्य से वंचित नहीं रहना पड़ता।

पाप का फल नरक के रूप में मिलता है, इस कथन में यह सच्चाई हाथों हाथ देखी जा सकती है कि कुकर्मी की आत्मा हर घड़ी कचोटती रहती है और समाज भय राजदण्ड भय के अतिरिक्त आत्म दण्ड के रूप में बीमारियों का आये दिन प्रकोप होता रहता है जो निष्पाप है वह निर्द्वन्द रहेगा और उसे निरोग भी पाया जायेगा।

 अखण्ड ज्योति अगस्त 1981

1 likes 9676 views 1 shares
Like
Share
Comment



×
Popup Image
❮ ❯
Like Share Link Share Download
Newer Post Home Older Post


View count

218313863



Archive

About Shantikunj

Shantikunj has emerged over the years as a unique center and fountain-head of a global movement of Yug Nirman Yojna (Movement for the Reconstruction of the Era) for moral-spiritual regeneration in the light of hoary Indian heritage.

Navigation Links
  • Home
  • Literature
  • News and Activities
  • Quotes and Thoughts
  • Videos and more
  • Audio
  • Join Us
  • Contact
Write to us

Click below and write to us your commenct and input.

Go

Copyright © SRI VEDMATA GAYATRI TRUST (TMD). All rights reserved. | Design by IT Cell Shantikunj