• News
  • Blogs
  • Gurukulam
English हिंदी
  • About Us
    • Gayatri Teerth Shantikunj
    • Mission Vision
    • Patron Founder
    • Present Mentor
    • Blogs & Regional sites
    • DSVV
    • Organization
    • Our Establishments
    • Dr. Chinmay Pandya - Our pioneering youthful representative
  • Initiatives
    • Spiritual
    • Environment Protection
    • Social Development
    • Education with Wisdom
    • Health
    • Corporate Excellence
    • Disaster Management
    • Training/Shivir/Camps
    • Research
    • Programs / Events
  • Read
    • Akhandjyoti Magazine
    • Books
    • News
    • E-Books
    • Events
    • Gayatri Panchang
    • Geeta Jayanti 2023
    • Motivational Quotes
    • Lecture Summery
  • Spiritual WIsdom
    • Thought Transformation
    • Revival of Rishi Tradition
    • Change of Era - Satyug
    • Yagya
    • Life Management
    • Foundation of New Era
    • Gayatri
    • Indian Culture
    • Scientific Spirituality
    • Self Realization
    • Sacramental Rites
  • Media
    • Social Media
    • Video Gallery
    • Audio Collection
    • Photos Album
    • Pragya Abhiyan
    • Mobile Application
    • Gurukulam
    • News and activities
    • Blogs Posts
    • Live
    • Yug Pravah Video Magazine
  • Contact Us
    • India Contacts
    • Global Contacts
    • Shantikunj - Headquarter
    • Join us
    • Write to Us
    • Spiritual Guidance FAQ
    • Magazine Subscriptions
    • Shivir @ Shantikunj
    • Contribute Us
  • Login

Media   >   Social Media   >   Daily Update

Sunday 12, October 2025

×

VIDEO
अँधेरे के जाने का समय आ गया है | Andhere Ke Jane Ka Samay | Dr Chinmay Pandya, Rishi Chintan

अँधेरे के जाने का समय आ गया है | Andhere Ke Jane Ka Samay | Dr Chinmay Pandya, Rishi Chintan

14 likes 8673 views 1 comments 2 shares
Like
Share
Comment



VIDEO
अमृत सन्देश:- विवेकानंद किसके राजदूत थे ? Vivekanand Kiske Rajdoot The

अमृत सन्देश:- विवेकानंद किसके राजदूत थे ? Vivekanand Kiske Rajdoot The

11 likes 8673 views 1 comments 2 shares
Like
Share
Comment



गायत्रीतीर्थ शांतिकुंज, नित्य दर्शन

गायत्री माता
Image गायत्री माता
20 likes 8709 views 3 comments 23 shares
Like
Share
Download
Comment
गायत्री माता - अखंड दीपक
Image गायत्री माता - अखंड दीपक
16 likes 8715 views 2 comments 9 shares
Like
Share
Download
Comment
चरण पादुका
Image चरण पादुका
13 likes 8712 views 2 comments 5 shares
Like
Share
Download
Comment
चरण पादुका
Image चरण पादुका
13 likes 8710 views 2 comments 2 shares
Like
Share
Download
Comment
सजल श्रद्धा - प्रखर प्रज्ञा (समाधि स्थल)
Image सजल श्रद्धा - प्रखर प्रज्ञा (समाधि स्थल)
13 likes 8699 views 1 comments 5 shares
Like
Share
Download
Comment
परम् पूज्य गुरुदेव व वंदनीय माताजी कक्ष
Image परम् पूज्य गुरुदेव व वंदनीय माताजी कक्ष
14 likes 8705 views 1 comments 3 shares
Like
Share
Download
Comment
परम् पूज्य गुरुदेव व वंदनीय माताजी कक्ष
Image परम् पूज्य गुरुदेव व वंदनीय माताजी कक्ष
13 likes 8696 views 1 comments 3 shares
Like
Share
Download
Comment
प्रज्ञेश्वर महादेव - देव संस्कृति विश्वविद्यालय
Image प्रज्ञेश्वर महादेव - देव संस्कृति विश्वविद्यालय
16 likes 8689 views 2 comments 9 shares
Like
Share
Download
Comment
शिव मंदिर - शांतिकुंज
Image शिव मंदिर - शांतिकुंज
12 likes 8685 views 1 comments 4 shares
Like
Share
Download
Comment
हनुमान मंदिर - शांतिकुंज
Image हनुमान मंदिर - शांतिकुंज
16 likes 8683 views 1 comments 6 shares
Like
Share
Download
Comment

आज का सद्चिंतन (बोर्ड)

Image हिंदी बोर्ड
14 likes 8749 views 1 comments 22 shares
Like
Share
Download
Comment
Image हिंदी बोर्ड
14 likes 8736 views 1 comments 19 shares
Like
Share
Download
Comment
Image अंग्रेजी बोर्ड
11 likes 8717 views 1 comments 7 shares
Like
Share
Download
Comment
Image अंग्रेजी बोर्ड
10 likes 8713 views 1 comments 8 shares
Like
Share
Download
Comment

आज का सद्वाक्य

Image हिंदी सद्वाक्य
12 likes 8753 views 1 comments 20 shares
Like
Share
Download
Comment
Image हिंदी सद्वाक्य
14 likes 8759 views 2 comments 15 shares
Like
Share
Download
Comment
Image अंग्रेजी सद्वाक्य
9 likes 8742 views 1 comments 10 shares
Like
Share
Download
Comment
Image अंग्रेजी सद्वाक्य
9 likes 8721 views 1 comments 10 shares
Like
Share
Download
Comment



नित्य शांतिकुंज वीडियो दर्शन


!! अखण्ड दीपक #Akhand_Deepak (1926 से प्रज्ज्वलित) चरण पादुका गायत्री तीर्थ शांतिकुञ्ज हरिद्वार 12 October 2025 !!

11 likes 8644 views 1 comments 1 shares
Like
Share
Comment



!! परम पूज्य गुरुदेव का कक्ष गायत्री तीर्थ शांतिकुञ्ज हरिद्वार 12 October 2025 !!

9 likes 8617 views 1 comments
Like
Share
Comment



!! शांतिकुंज दर्शन 12 October 2025 !! गायत्री तीर्थ शांतिकुञ्ज हरिद्वार !!

9 likes 8648 views 1 comments
Like
Share
Comment



!! #गायत्री_माता_मंदिर #Gayatri_Mata_Mandir गायत्री तीर्थ शांतिकुञ्ज हरिद्वार 12 October 2025 !!

9 likes 8549 views 1 comments 2 shares
Like
Share
Comment



!! सप्त ऋषि मंदिर गायत्री तीर्थ शांतिकुञ्ज हरिद्वार 12 October 2025 !!

6 likes 7709 views
Like
Share
Comment



!! महाकाल महादेव मंदिर शांतिकुञ्ज हरिद्वार 12 October 2025 !!

5 likes 7707 views
Like
Share
Comment



!! देवात्मा हिमालय मंदिर Devatma Himalaya Mandir गायत्री तीर्थ शांतिकुञ्ज हरिद्वार 12 October 2025 !!

5 likes 7704 views
Like
Share
Comment



!! प्रज्ञेश्वर महादेव मंदिर  #Prageshwar_Mahadev 12 October 2025 !!

5 likes 7705 views
Like
Share
Comment







परम् पूज्य गुरुदेव का अमृत संदेश



मेरा हृदय बड़ा कोमल भी है और इन मामलों में बड़ा कठोर भी है। हिमालय में आप भेज दीजिए, मुझे बराबर मैं चला जाऊँगा, बराबर मैं चला जाऊँगा। मुझे कोई डर नहीं है, पर मुझे उस दिन देखकर के मेरा ईमान डावाँडोल हो गया। ईमान डावाँडोल हो गया और विचार करता रहा—जो भजन, भजन, भजन... जो भजन महात्माओं को उतने समय में रखने के पश्चात क्रोध शांत करने में समर्थ न हो सका, लोभ शांत करने में समर्थ न हो सका, मोह शांत करने में समर्थ न हो सका... लोभ, मोह और क्रोध तीनों जहाँ के तहाँ बैठे हुए हैं। इस भजन से उनको मुक्ति नहीं मिल सकती और शांति नहीं मिल सकती है।
भजन किसी का सार्थक है कि नहीं, भजन से किसी को लोक-परलोक मिलेगा कि नहीं, इसका एक बात में इम्तिहान ले लीजिए—इस लोक में क्या स्थिति है इसकी? इस लोक की क्या स्थिति है? मरने में और जिंदा रहने में कितना फर्क पड़ता है? बेटे, एक 15 मिनट का फर्क पड़ता है। 15 मिनट में हमारा कितना फर्क पड़ जाएगा?
जैसे हम कमीने, जैसे हम घटिया, जैसे हम स्वार्थी, जैसे हम चालाक... इस लोक में हैं, मरने के बाद भी ज्यों के त्यों बने रहेंगे। नहीं महाराज जी, भगवान के यहाँ जाओगे? भगवान के जाएंगे तो बेटे, हम भगवान की नाक में दम करेंगे। क्या करेंगे? भगवान के यहाँ चुगली करेंगे। भगवानों से कहेंगे—आप इलेक्शन में खड़े हो जाइए, हम आपके लिए वोट इकट्ठे करके लाएंगे। और दूसरों से कहेंगे—शुक्राचार्य से आपको मुक्ति हो गई, जो गुरू बृहस्पति बना बैठा है। आप खड़े हो जाइए इलेक्शन में, और देखिए हम आपके लिए वोट माँगते हैं कि नहीं माँगते। दोनों में रेस कराएंगे और कुश्ती-कुश्ता कराएंगे। और वहाँ भी कामरेड बना लेंगे।
कौन? हम! तो हम जैसे कमीने, जैसे दुष्ट, जैसे चालाक, जैसे स्वार्थी, जैसे बेईमान हैं, वह सड़क पर हमको गया। भगवान को बहुत धन्यवाद है कि हम जाने वाले नहीं हैं। नहीं, हम तो कल्पना करते हैं कि हम तो रोज माला जपते हैं। बेटे, तू नरक में जाएगा। नरक में! यहाँ पड़ा है, वहाँ भी नरक में जाएगा। नहीं महाराज जी, हम तो स्वर्ग में नहीं जाएँगे। स्वर्ग तो नहीं जा सकता। नहीं, हम तो स्वर्ग में जाएँगे, और हमको तो देवी ने ही दिया था सपना—स्वर्ग में ही तो आएगा तू। नहीं जाएगा वहाँ! तेरी परिस्थिति क्या है, यहाँ पता कर।
तेरा ये ये कहता रहा—जो आदमी इतना भजन करने के पश्चात, भजन करने के पश्चात अपने क्रोध को शांत न कर सके, लोभ को शांत न कर सके और मोह को शांत ना कर सके—उनका रास्ता बंद है। ऐसे भजन से क्या फायदा? भजन से क्या फायदा? भजन से क्या फायदा?
बस यह मेरी मन में विचार जो था, मेरा डांवाडोल हो गया बेटे। मेरे पास श्रद्धा असीम है और मेरे पास विवेक उससे भी ज्यादा है। मैं बड़ा तार्किक हूँ। कोई आदमी मुझे उल्लू नहीं बना सकता। श्रद्धा अंधश्रद्धा नहीं कर सकता किसी की। लेकिन श्रद्धा से मेरा रोम-रोम भरा हुआ है। लेकिन मैं अंधश्रद्धा नहीं कर सकता। किसी के ऊपर अंधश्रद्धा मैं किसी पर नहीं कर सकता। 

 

9 likes 8669 views 1 comments 2 shares
Like
Share
Comment




अखण्ड-ज्योति से



सदना को प्यास लगी थी. रास्ते में एक गांव में कुंआ दिखा तो वह पानी पीने ठहर गया. वहां एक सुन्दर स्त्री पानी भर रही थी. वह सदना के सुंदर मजबूत शरीर पर रीझ गई. उसने सदना से कहा कि शाम हो गई है. इसलिए आज रात वह उसके घर में ही विश्राम कर लें. सदना को उसकी कुटिलता समझ में न आई, वह उसके अतिथि बन गए. . रात में वह स्त्री अपने पति के सो जाने पर सदना के पास पहुंच गई और उनसे अपने प्रेम की बात कही. स्त्री की बात सुनकर सदना चौंक गए और उसे पतिव्रता रहने को कहा।

स्त्री को लगा कि शायद पति होने के कारण सदना रुचि नहीं ले रहे. वह चली गई और वह गई और सोते हुए पति का गला काट लाई. सदना भयभीत हो गए. स्त्री समझ गई कि बात बिगड़ जाएगी इसलिए उसने रोना-चिल्लाना शुरू कर दिया. पड़ोसियों से कह दिया कि इस यात्री को घर में जगह दी. चोरी की नीयत से इसने मेरे पति का गला काट दिया. सदना को पकड़ कर न्यायाधीश के सामने पेश किया गया. न्यायाधीश ने सदना को देखा तो ताड़ गए कि यह हत्यारा नहीं हो सकता।

उन्होने बार-बार सदना से सारी बात पूछी. . सदना को लगता था कि यदि वह प्यास से व्याकुल गांव में न पहुंचते तो हत्या न होती. वह स्वयं को ही इसके लिए दोषी मानते थे. अतः वे मौन ही रहे. . न्यायाधीश ने राजा को बताया कि एक आदमी अपराधी है नहीं पर चुप रहकर एक तरह से अपराध की मौन स्वीकृति दे रहा है. इसे क्या दंड दिया जाना चाहिए? . राजा ने कहा- यदि वह प्रतिवाद नहीं करता तो दण्ड अनिवार्य है. अन्यथा प्रजा में गलत सन्देश जाएगा कि अपराधी को दंड नहीं मिला. इसे मृत्युदंड मत दो, हाथ काटने का हुक्म दो. सदना का दायां हाथ काट दिया गया।

9 likes 8670 views 1 comments 1 shares
Like
Share
Comment



×
Popup Image
❮ ❯
Like Share Link Share Download
Newer Post Home Older Post


View count

220649898



Archive

About Shantikunj

Shantikunj has emerged over the years as a unique center and fountain-head of a global movement of Yug Nirman Yojna (Movement for the Reconstruction of the Era) for moral-spiritual regeneration in the light of hoary Indian heritage.

Navigation Links
  • Home
  • Literature
  • News and Activities
  • Quotes and Thoughts
  • Videos and more
  • Audio
  • Join Us
  • Contact
Write to us

Click below and write to us your commenct and input.

Go

Copyright © SRI VEDMATA GAYATRI TRUST (TMD). All rights reserved. | Design by IT Cell Shantikunj