भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा शांतिकुंज हरिद्वार से संचालित वर्ष 2023-24 के परीक्षा का पुरस्कार वितरण समारोह झुमरी तिलैया
शिक्षिक और अभिभावक बच्चों को संस्कार देने का कार्य करें-विशिष्ठ अतिथि श्री गौतम कुमार, न्यायधीश कोडरमा
झुमरीतिलैया :- भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा शांतिकुंज हरिद्वार से संचालित वर्ष 2023-24 के परीक्षा का पुरस्कार वितरण समारोह झुमरी तिलैया के गायत्री मंदिर में जिला समन्वयक शिव कुमार वर्णवाल सभी के सहयोग से आयोजित किया गया। जिसमें 59 विद्यालय के 5477 बच्चों ने इस परीक्षा में शामिल हुए थे। जिसका प्रखंड और जिला स्तरीय वर्ग 5 से 12 के सभी परीक्षार्थियों को प्रशस्ति पत्र के साथ प्रत्येक वर्ग के प्रथम आए बच्चों को विद्यालय में जाकर उन्हें मेडल देकर सम्मानित किया गया । अपराह्न 4.00 बजे श्री वीरेंद्र तिवारी जी (प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार) मुख्य अतिथि ,श्री गौतम कुमार सिविल जज सीनियर डिविजन सह जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव विशिष्ट अतिथि ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलन कर मेधावी बच्चों को पुरस्कार देकर सम्मानित किये। यह हम सभी के लिए बहुत ही गौरव का क्षण था। सभी प्रखंड से 114 बच्चों को मेडल और साहित्य ( अधिकतम अंक कैसे पाएँ, बुद्धि बढ़ाने की वैज्ञानिक विधि,निराशा को पास न फटकने दें, हारिए न हिम्मत,सफलता आत्मविश्वासी को मिलती है,प्रखर प्रतिभा की जननी इच्छा शक्ति,सफ़ल जीवन की दिशा धारा,असंतोष के कारण एंव निवारण,आगे बढ़ने की तैयारी) दिया गया। जिला टॉपर 24 बच्चों को मोमेंटो सह प्रावीण्य- प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया। सभी विद्यालयों के आचार्य को भी न्यायाधीश के द्वारा 94 मोमेंटो, गुरुदेव का साहित्य (बच्चों के शासक नहीं सहायक बनें, छात्रों का निर्माण अध्यापक करें)और प्रशस्ति-पत्र दिया गया। अपना-अपना पुरस्कार प्राप्त कर बच्चे,अभिभावक और आचार्य बहुत ही खुशी जाहिर कर रहे थे। मुख्य अतिथि प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने कहा की शांतिकुंज द्वारा चलाए जा रहे कार्यक्रम को और अधिक विद्यालय में कराने की जरूरत है। इसे व्यापक बनाया जाय । 1983 से ही शांतिकुंज का साहित्य अखंड ज्योति का नियमित पाठक हूँ,बहुत ही सकरात्मक ऊर्जा मिलती है। उन्होंने बताया मैं शांतिकुंज भी गया हूँ। बच्चों को मोबाइल से केवल अपने विषय और जरूरत के अनुसार ही उपयोग करने की सलाह दिए। कई चीजें बच्चों को नहीं देखना चाहिए । इसका पूरी कड़ाई से पालन करें। उन्होंने समय का सदुपयोग और महत्व पर भी बोले। बच्चे कल के भविष्य हैं उन्हें सदैव आगे बढ़ाने पर विचार करते रहना चाहिए । विशिष्ट अतिथि श्री गौतम कुमार न्यायधीश कोडरमा ने बताया कि हम शांतिकुंज बचपन में गए हैं। वहाँ का वातावरण और दिनचर्या ने काफी प्रभावित किया। साधना कक्ष देवतात्मा हिमालय आज भी बहुत याद आता है। शिक्षिक और अभिभावक बच्चों को संस्कार देने का कार्य करें। मौका पर बोकारो उपजोन समन्वयक लखन लाल प्रजापति,जिला समन्वयक राजेंद्र साव,मुख्य ट्रस्टी प्रदीप पहाड़ी, संतोष मोदी,राजेन्द्र मिष्टकार,रणवीर कुमार,प्रदीप साव,बिनोद शर्मा, उमेश विश्वकर्मा, अर्जुन राणा,महेश यादव, विकाश मोदी,सुनीता वर्णवाल, वीणा वर्णवाल, सुनीता भगत, शीला वर्णवाल, रेखा वगैरह बहुत कार्यकर्ता विद्यालय के आचार्यगण , विद्यार्थी, कार्यकर्तागण अपना बहुमूल्य समय दिए। वर्ष 2024-25 की परीक्षा 24 अगस्त को निर्धारित किया गया है। झारखंड सरकार द्वारा दिनांक 10/05/24 ज्ञापांन 1349 अधिसूचना जारी कर दिया गया है।
