पटना में “एआई: चुनौतियाँ और अवसर” विषय पर राष्ट्रीय संगोष्ठी आयोजित
पटना (बिहार)। “एआई: चुनौतियाँ और अवसर” विषय पर एक विशेष राष्ट्रीय संगोष्ठी का आयोजन पटना स्थित ए.एन. कॉलेज के सत्येन्द्र नारायण सिन्हा सभागार में गरिमामय वातावरण के बीच संपन्न हुआ। इस कार्यक्रम में शिक्षा, प्रशासन, प्रौद्योगिकी एवं सामाजिक क्षेत्र से जुड़े अनेक प्रतिष्ठित व्यक्तित्वों की उपस्थिति रही।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में अखिल विश्व गायत्री परिवार के युवा प्रतिनिधि एवं देव संस्कृति विश्वविद्यालय के प्रतिकुलपति आदरणीय डॉ. चिन्मय पंड्या जी, माननीय लोकसभा सांसद श्री रविशंकर प्रसाद जी, नालंदा विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. सचिन चतुर्वेदी जी, स्ट्रेटेजिक फॉरसाइट ग्रुप के संस्थापक श्री संदीप वासलेकर जी तथा बिहार के पुलिस महानिरीक्षक श्री विकास वैभव जी विशेष रूप से उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। तत्पश्चात उपस्थित वक्ताओं ने कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) के वर्तमान परिदृश्य, उसके सामाजिक प्रभाव, संभावनाओं तथा चुनौतियों पर अपने विचार साझा किए।
अपने प्रेरणादायी उद्बोधन में आदरणीय डॉ. चिन्मय पंड्या जी ने कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता मानव जीवन को सरल एवं प्रभावी बनाने का एक सशक्त माध्यम है, किन्तु इसके उपयोग में मानवीय संवेदनाओं, नैतिक मूल्यों एवं आध्यात्मिक दृष्टिकोण का समावेश भी अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि तकनीक का उपयोग मानव कल्याण, सांस्कृतिक संरक्षण एवं राष्ट्र निर्माण की दिशा में किया जाए।
कार्यक्रम के दौरान एक संवादात्मक प्रश्नोत्तर सत्र भी आयोजित किया गया, जिसमें विद्यार्थियों एवं प्रतिभागियों ने एआई से जुड़े विविध विषयों पर विशेषज्ञों से प्रश्न पूछे। इस सत्र ने युवाओं में तकनीक के प्रति जागरूकता, जिज्ञासा एवं सकारात्मक दृष्टिकोण को और अधिक प्रोत्साहित किया।
कार्यक्रम के समापन अवसर पर सभी मंचासीन अतिथियों को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया। *इस अवसर पर आदरणीय डॉ. चिन्मय पंड्या जी द्वारा अतिथियों को हस्तनिर्मित जूट बैग एवं पूज्य गुरुदेव का साहित्य भी भेंट स्वरूप प्रदान किया गया।*
यह आयोजन तकनीक, नैतिकता एवं मानवीय मूल्यों के समन्वय पर आधारित सार्थक संवाद को आगे बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल सिद्ध हुआ।

