स्वामी दयानंद सरस्वती स्कूल में पूज्य गुरुदेव के साहित्य को मिला पाठ्यक्रम में स्थान
।। रेवाड़ी (हरियाणा) ।।
हरियाणा के रेवाड़ी जिले के बोलानी स्थित स्वामी दयानंद सरस्वती स्कूल में एक सराहनीय पहल के अंतर्गत कक्षा तीसरी से बारहवीं तक के विद्यार्थियों के लिए पूज्य गुरुदेव पं. श्रीराम शर्मा आचार्य जी के साहित्य को पाठ्यक्रम में शामिल किया गया है।
विद्यालय प्रशासन द्वारा लिया गया यह निर्णय विद्यार्थियों के नैतिक, आध्यात्मिक एवं व्यक्तित्व विकास को ध्यान में रखते हुए किया गया है। गुरुदेव के साहित्य के माध्यम से छात्रों को जीवन मूल्यों, संस्कारों, अनुशासन एवं सकारात्मक सोच की शिक्षा प्रदान की जाएगी।
विद्यालय प्रबंधन का मानना है कि वर्तमान समय में केवल शैक्षणिक ज्ञान ही नहीं, बल्कि संस्कार आधारित शिक्षा भी अत्यंत आवश्यक है। ऐसे में पूज्य गुरुदेव के विचार विद्यार्थियों को सशक्त एवं जिम्मेदार नागरिक बनने की दिशा में प्रेरित करेंगे।
इस पहल का शिक्षकों, अभिभावकों एवं स्थानीय समाज द्वारा स्वागत किया गया है। शिक्षा विशेषज्ञों के अनुसार इस प्रकार के प्रयास विद्यार्थियों में चरित्र निर्माण, आत्मविश्वास एवं सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को सुदृढ़ करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
यह कदम शिक्षा के क्षेत्र में सकारात्मक परिवर्तन की दिशा में एक प्रेरणादायी पहल माना जा रहा है, जो भविष्य में अन्य शैक्षणिक संस्थानों के लिए भी उदाहरण बन सकता है।
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