जन्मशताब्दी समारोह में केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह जी की गरिमामयी उपस्थिति, गायत्री महामंत्र की दिव्य चेतना एवं दीप महायज्ञ से आलोकित हुआ आयोजन
नई दिल्ली। परम वंदनीया माता भगवती देवी शर्मा जी की जन्मशताब्दी एवं अखण्ड दीप शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम में आयोजित भव्य समारोह में माननीय केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह जी एवं केंद्रीय जनजातीय कार्य राज्य मंत्री श्री दुर्गादास उइके जी की गरिमामयी उपस्थिति रही। इस अवसर पर देव संस्कृति विश्वविद्यालय के उपाध्यक्ष एवं समारोह के दलनायक आदरणीय डॉ. चिन्मय पंड्या जी ने विशिष्ट अतिथियों का आत्मीय स्वागत एवं अभिनंदन किया।
समारोह में उपस्थित जनसमुदाय को संबोधित करते हुए आदरणीय डॉ. चिन्मय पंड्या जी ने कहा कि जन्मशताब्दी का यह वर्ष गहन सौभाग्य के साथ आत्मजागरण एवं युगपरिवर्तन का ऐतिहासिक अवसर है। उन्होंने भारत को ऋषियों एवं मनीषियों की तपोभूमि बताते हुए कहा कि भारत के आध्यात्मिक जागरण से ही विश्व के नवजागरण का मार्ग प्रशस्त होगा।
इस अवसर पर माननीय श्री अमित शाह जी ने गायत्री महामंत्र की दिव्य चेतना एवं आध्यात्मिक महत्ता पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि गायत्री महामंत्र केवल धार्मिक अनुष्ठान नहीं, अपितु मन, शरीर एवं आत्मा के परिष्कार का राजमार्ग है। इसके 24 अक्षरों में निहित सूक्ष्म शक्तियाँ मनुष्य के अंतःकरण में सद्प्रवृत्तियों के जागरण एवं अशुभ प्रवृत्तियों के शमन की प्रेरणा प्रदान करती हैं।
इस अवसर पर आयोजित भव्य दीप महायज्ञ में भी दोनों विशिष्ट अतिथियों की गरिमामयी सहभागिता रही। असंख्य दीपों के दिव्य प्रकाश से आलोकित वातावरण में पूज्य गुरुसत्ता की शतवर्षीय तप-साधना, सामूहिक चेतना एवं युगनिर्माण के संकल्पों की भावपूर्ण अभिव्यक्ति हुई।
यह पावन आयोजन आत्मजागरण, राष्ट्रचेतना, आध्यात्मिक साधना एवं लोकमंगल की उस महान परंपरा का प्रेरणादायी प्रतीक बना, जिसे परम पूज्य गुरुदेव एवं परम वंदनीया माताजी ने अपने संपूर्ण जीवन से जन-जन तक पहुँचाया।
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