AI for Sanskriti International Summit
Following the summit, the Chief Guest and other distinguished guests visited the expansive campus of Dev Sanskriti Vishwavidyalaya. They toured Asia’s first Baltic Center and the South Asian Institute for Peace and Reconciliation, appreciating the academic and research initiatives being undertaken there.
They also visited the Swavalamban Kendra (Self-Reliance Centre), where skill and entrepreneurship training is imparted. The innovative “Waste to Best” product initiative was described as highly inspiring, particularly in its contribution to environmental conservation and self-employment.
The summit reaffirmed that when guided by culture, ethics, and discernment, technology becomes a powerful instrument for the welfare of humanity.
Recent Post
आधुनिक तकनीक का मानव मूल्य से समन्वय:
विज्ञान का उपनयन संस्कार
विज्ञान मानव बुद्धि की महान उपलब्धि है। उसने प्रकृति के रहस्यों को उजागर कर जीवन को सुविधाजनक बनाया है। प्रारम्भिक काल में विज्ञान केवल सिद्धान्तों तक सीमित था,...
विज्ञान का उपनयन संस्कार कराया जाय
विज्ञान ऊर्जा का प्रतिनिधि है। उसके द्वारा मानव पंच महाभूतों पर स्वामित्व प्रस्थापित करने की महत्वाकांक्षा रखता है। विज्ञान ने न्यूटन के काल तक मुख्यतः सैद्धान्तिक क्षेत्र में ही विचरण किया तब तक म...
हमारी वसीयत और विरासत (भाग 141): ‘विनाश नहीं सृजन’— हमारा भविष्यकथन
पत्रकारों और राजनीतिज्ञों के क्षेत्र में इस बार एक अत्यधिक चिंता यह संव्याप्त है कि इन दिनों जैसा संकट मनुष्य जाति के सामने है, वैसा मानवी उत्पत्ति के समय में कभी भी नहीं आया। शांति-परिषद् आदि अनेक...
हमारी वसीयत और विरासत (भाग 140): ‘विनाश नहीं सृजन’— हमारा भविष्यकथन
Read More
हमारी वसीयत और विरासत (भाग 139): मनीषी के रूप में हमारी प्रत्यक्ष भूमिका
Read More
हमारी वसीयत और विरासत (भाग 138): मनीषी के रूप में हमारी प्रत्यक्ष भूमिका
Read More
हमारी वसीयत और विरासत (भाग 137): मनीषी के रूप में हमारी प्रत्यक्ष भूमिका
Read More
हमारी वसीयत और विरासत (भाग 136): इन दिनों हम यह करने में जुट रहे हैं
Read More
विश्वास के युग में कृत्रिम बुद्धिमत्ता: अंतिम आविष्कार और बढ़ता हुआ जोखिम
आज के समय की सबसे बड़ी चुनौती यही है कि हम मानव-सभ्यता की पूरी ऐतिहासिक यात्रा के ऐसे मोड़ से गुजर रहे हैं, जहाँ technology बाकी सारे संस्थानों से कहीं अधिक तेज़ी से आगे बढ़ रही है। हम लोग ...
हमारी वसीयत और विरासत (भाग 135): इन दिनों हम यह करने में जुट रहे हैं
Read More

.jpg)
